Etah District Jail: वीडियो वायरल करने वाला हेड वार्डर बर्खास्त
एटा जिला जेल के जेलर पर गंभीर आरोप लगाते हुए वीडियो वायरल करने वाले हेड वार्डर राजीव हंस को बर्खास्त कर दिया गया है। डीआईजी आगरा/कानपुर जेल परिक्षेत्र के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई। वहीं, वाराणसी जेल की महिला डिप्टी जेलर द्वारा वीडियो वायरल करने के बाद उनकी भी बर्खास्तगी की आशंका जताई जा रही है। महिला डिप्टी जेलर को वाराणसी से हटाकर प्रयागराज जेल में अस्थायी ड्यूटी पर भेज दिया गया है। इस बीच, एटा जेल के जेलर प्रदीप कश्यप पर यौन उत्पीड़न और जबरन गर्भपात कराने के आरोप में एफआईआर दर्ज होने के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। इस मामले में जेल प्रशासन की चुप्पी पर सवाल उठ रहे हैं।
एटा जिला जेल का मामला
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वाराणसी महिला डिप्टी जेलर पर भी लटकी बर्खास्तगी की तलवार
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एटा जेल से कांसगंज जिला जेल पर लगाई गई थी अस्थाई ड्यूटी
लखनऊ। एटा जिला जेल जेलर पर यौन उत्पीड़न का वीडियो वायरल करने वाले हेड वार्डर को बर्खास्त कर दिया गया है। आगरा परिक्षेत्र के डी आईजी के निर्देश पर हुई इस कार्रवाई से विभागीय सुरक्षाकर्मियों में खलबली मची हुई है। इसको लेकर तमाम तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।चर्चा है कि यही हाल रहा तो वाराणसी जेल की डिप्टी जेलर के वायरल वीडियो पर भी यह कार्रवाई की जा सकती है। वीडियो वायरल करने वाली महिला डिप्टी जेलर को वाराणसी जेल से हटाकर प्रयागराज जिला कारागार में अस्थाई ड्यूटी पर लगाया गया है। इस संबंध में कारागार मुख्यालय के वरिष्ठ अधिकारियों ने इस मामल पर कुछ भी बोलने के बजाए चुप्पी साध रखी है।
मालूम हो कि बीती 21 जनवरी को एटा जेल पर तैनात हेड वार्डर राजीव हंस का एक वीडियो वायरल हुआ था। इस वायरल वीडियो में हेड वार्डर ने एटा जेल के जेलर प्रदीप कश्यप समेत तीन अन्य लोगों पर कई गंभीर आरोप लगाए। पीड़ित हेड वार्डर वायरल वीडियो में कह रहा है कि जेलर छुट्टी नहीं देता है। छह माह से छुट्टी के लिए जेलर उत्पीड़न कर रहा है। वायरल वीडियो में पीड़ित हेड वार्डर कह रहा है कि जेलर प्रदीप कश्यप एक विशेष समुदाय की को बुलाने के लिए दबाव बनाता है। इसको लेकर जेल परिसर की दीवारों पर जगह जगह लिखा भी गया है।
एटा जेलर पर अभी तक नहीं हुई कोई कार्रवाई
एटा जिला जेल परिसर में जेलर प्रदीप कश्यप के आवास पर हंगामा मचाने वाली महिला के एफआईआर दर्ज कराने के बाद भी कारागार मुख्यालय ने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। दो दिन पहले जेलर आवास पर हंगामा काटने वाली महिला ने जेलर के खिलाफ यौन उत्पीड़न और गर्भपात कराने जैसे गंभीर आरोप का मुकदमा दर्ज कराया था। मुकदमा दर्ज होने के दो दिन बाद भी आरोपी जेलर के खिलाफ अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। चर्चा है कि विभाग के कुछ अधिकारी जेलर को बचाने की जुगत में लगे हुए हैं।
विभागीय जानकारों के मुताबिक वीडियो वायरल करने वाले हेड वार्डर राजीव हंस को आगरा/कानपुर जेल परिक्षेत्र के डीआईजी प्रेमनाथ पांडे के निर्देश पर बर्खास्त कर दिया गया है। बर्खास्तगी का आदेश वरिष्ठ अधीक्षक की ओर से जारी किया गया है। वीडियो वायरल होने के करीब डेढ़ माह बाद हुई इस कार्रवाई से विभागीय सुरक्षाकर्मियों में हड़कम मचा हुआ है। इसको लेकर तमाम तरह के कयास लगाए जा रहे है। चर्चा है कि एटा जेल के हेड वार्डर ने वीडियो वायरल कर अपना दर्द बयां किया था। दो दिन पहले ऐसा ही दर्द वाराणसी जेल में तैनात महिला डिप्टी जेलर ने भी वीडियो वायरल कर व्यक्त किया। वीडियो वायरल पर हुई इस कार्रवाई के बाद वाराणसी जेल की महिला डिप्टी जेलर के खिलाफ भी बर्खास्तगी की तलवार लटकी हुई है। चर्चा है कि महिला के खिलाफ भी कार्रवाई से इनकार नहीं किया जा सकता है। इस संबंध में जब आईजी जेल पीवी रामाशास्त्री से संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनसे संपर्क नहीं हो सका।


